<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
छत्तीसगड़

छत्तीसगढ़ में मिल रहे निवेश प्रस्ताव से रोजगार की संभावनाएं बढ़ी: उद्योग मंत्री देवांगन

रायपुर

वित्त मंत्री ओम प्रकाश चौधरी ने कहा कि पहली से 15 वीं सदी तक भारत दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था थी और इसका श्रेय हमारे छोटे-छोटे उद्योगों को जाता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत को वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने के लिए योजनाबद्ध कार्य हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार उद्यमियों के सुझावों को गंभीरता से लेकर उन्हें अमल में लाने हेतु प्रतिबद्ध है। चौधरी ने कहा कि छत्तीसगढ राज्य की नई औद्योगिक नीति से रोजगार ओर स्वरोजगार की संभावनाएं बढ़ी है।

लघु उद्योग भारती छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित वार्षिक बैठक एवं उद्यमी सम्मेलन में उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के विकसित भारत के संकल्प के अनुरूप, राज्य सरकार का लक्ष्य 2047 तक छत्तीसगढ़ को भी विकसित राज्य बनाना है। अब तक 6.5 लाख करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं, जिनसे हजारों लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। उन्होंने यह भी बताया कि उद्योगों की स्थापना के लिए आवश्यक स्वीकृतियों की प्रक्रिया को सरल बनाने हेतु सॉफ्टवेयर आधारित प्रणाली विकसित की जा रही है, और बजट में सब्सिडी के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।

सम्मेलन में लघु उद्योग भारती के अखिल भारतीय संगठन मंत्री प्रकाश चंद्र मुख्य वक्ता रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में छत्तीगसढ राज्य औद्योगिक विकास निगम  के चेयरमैन राजीव अग्रवाल एवं लघु उद्योग भारती के अखिल भारतीय कोषाध्यक्ष समीर मुंदरा उपस्थित रहे। सी एस आई डी सी के चेयरमैन राजीव अग्रवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ की नई उद्योग नीति निवेश के लिए अत्यंत अनुकूल है, जिससे बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों ने लघु उद्योग भारती के प्रयासों की सराहना की और इसे छोटे उद्योगों के हित में एक प्रेरणादायक कदम बताया। संगठन की इस पहल से प्रदेश में लघु उद्योग क्षेत्र को नई ऊर्जा और दिशा मिलेगी। अखिल भारतीय कोषाध्यक्ष समीर मुंदरा ने संगठन को और अधिक मजबूत बनाने के सुझाव रखते हुए छत्तीसगढ़ में अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने उद्यमियों के साथ अपने संवाद को अत्यंत सकारात्मक और प्रेरक बताया।

कार्यक्रम का प्रथम चरण संगठन की वार्षिक बैठक पर केंद्रित था, जिसमें प्रदेश भर की 22 पूर्ण इकाईयों एवं 14 संयोजक इकाईयों ने भाग लिया। सरगुजा से लेकर बस्तर तक की सभी इकाईयों ने अपने क्षेत्रीय उद्योगों से संबंधित मुद्दों और अनुभवों को साझा किया। बैठक में छत्तीसगढ़ प्रदेश की नई कार्यकारिणी की भी घोषणा की गई। लघु उद्योग भारती के संगठन मंत्री प्रकाश चंद्र ने भारत के ऐतिहासिक औद्योगिक वैभव का उल्लेख करते हुए उद्यमियों को पुनः उस गौरव को प्राप्त करने के लिए संगठित होकर कार्य करने का आह्वान किया।

प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश सिंघानिया ने स्वागत भाषण में संगठन की रीति-नीति पर प्रकाश डाला। प्रदेश महामंत्री डॉ श्रीमती सीपी दुबे ने दो वर्षों के कार्यकाल में संगठन द्वारा किए गए उल्लेखनीय कार्यों का विवरण प्रस्तुत किया। प्रदेश कोषाध्यक्ष दीपक उपाध्याय ने वित्तीय जानकारी दी, और संयुक्त महामंत्री कैलाश चंद्रवंशी ने नवचयनित पदाधिकारियों का परिचय कराया। कार्यक्रम में ईश्वर पटेल, किशोर पटेल, रवि वर्मा, मोहन पटेल, योगेश पटेल सहित सभी इकाइयों के अध्यक्ष, सचिव, कोषाध्यक्ष और कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button