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मध्यप्रदेश

साफ-सुथरे मोहल्ले की ओर बढ़ाएं कदम, जीतें 1 लाख रुपए का पुरस्कार!

इंदौर 
डॉ. आंबेडकर नगर (महू) में खुशियों वाली जगमग दिवाली पर शहर में एक बार फिर रंगारंग सजावट होगी। गली-नुक्कड़ से लेकर महू छावनी परिषद क्षेत्र के मोहल्लों-कॉलोनियों में रंग-बिरंगी रांगोली और जगमगाती रोशनी का अनूठा नजारा देखने को मिलेगा। दरअसल, शहर में इस साल 21 अक्टूबर को धोक पड़वा पर्व पर रंगोत्सव मनाया जाएगा। कोविड के दौर के बाद दीपावली के जगमग उजास को नई रंगत देने के लिए शहर में रंगोत्सव समिति द्वारा रंगोली प्रतियोगिता (Rangoli Competition) की शुरुआत की गई। इसमें शहर की गलियों में न्यूनतम 16 वर्गफीट से लेकर करीब 500 वर्गफीट तक की आकर्षक रांगोली सजाई जाती थी। 

समिति के संयोजक ने दी जानकारी
समिति के संयोजक सुचित बंसल ने बताया कि इस साल यह महोत्सव एक नया स्वरुप लेने जा रहा है। इसमें रंगोली के साथ ही गली-मोहल्लो और कॉलोनियों की सजावट (Diwali Decoration) भी शामिल की गई। प्रतिभागियों को न्यूनतम 70 से 80 फीट का दायरा चुनना होगा। इसमें रंगोली के साथ ही निर्धारित एरिया को अलग-अलग तरीके से सजाना होगा। इसमें रंग-बिरंगी लाइटिंग सहित आकर्षक सजावट आइटमों का उपयोग किया जा सकेगा।  
 
अनेकता में एकता की दिखेगी झलक
इस अनूठे महोत्सव में अलग-अलग राज्यों की संस्कृति के साथ ही पारंपरिक, धार्मिक और पौराणिक महत्वों की झलक दिखेगी। बंसल ने बताया कि प्रतिभागी पंजाबी, साउथ इंडियन, गुजराती सहित धार्मिक, सांस्कृतिक थीम पर सजावट कर सकते हैं।  

पारदर्शिता : अन्य शहरों के निर्णायक करेंगे फैसला
स्पर्धा के विजेता का फैसला निर्णायक दल करेगा। इसके लिए करीब 5 से 6 निर्णायकों की पैनल बनाई जाएगी। प्रतियोगिता में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए निर्णायक अन्य शहरों से बुलाएंजाएंगे। जो धोक पड़वा पर सुबह 11 बजे से निरीक्षण शुरु करेगी।  

2023 में बनाया हार्वर्ड वर्ल्ड रिकॉर्ड
रंगोत्सव की अनूठी परंपरा ने वर्ष 2023 में शहर का नाम हार्वर्ड वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज करवाया। बंसल ने बताया कि साल 2023 में करीब 325 प्रतिभागियों ‌द्वारा सबसे लंबी रंगोली बनाई गई। जिन्हें हार्वर्ड वर्ल्ड रिकॉर्ड के प्रमाण-पत्र भी प्रदान किए गए। स्पर्ध में पहला स्थान राधिका तायल ने पाया था। जिन्हें 51 हजार रुपए का नकद पुरस्कार प्रदान किया गया था। 

तिथियों में असमंजस से बीते साल रही अड़चन
बीते साल दीपावली पर अमावस्या की दो तिथियां होने के कारण धोक पड़वा को लेकर असमंजस बना था। बंसल ने बताया कि इसके कारण बीते साल रंगोत्सव का आयोजन नहीं हुआ था। इसके पहले गोपाल मंदिर से अग्रसेन चौराहा और ड्रीमलैंड से हरिफाटक तक रंगोली स्पर्धा होती थी। अब इसका दायरा संपूर्ण छावनी परिषद किया गया है। 

सर्वश्रेष्ठ सजावट को मिलेगा एक लाख का इनाम
स्पर्धा में एक व्यक्ति के साथ ही समूह बनाकर भी भाग लिया जा सकता है। बंसल ने बताया कि सर्वश्रेष्ठ सजावट करने वाले प्रतिभागी को एक लाख रुपए का इनाम प्रदान किया जाएगा। इसके अलावा दूसरे विजेता को 51 हजार, तीसरे को 21 हजार और 11-11 हजार के पांच सांत्वना पुरस्कार भी देंगे।  

25-75 के फार्मूले पर होगी सजावट
स्पर्धा में इस साल 25-75 का फार्मूला अपनाया जा रहा है। बंसल के अनुसार इस साल प्रतिभागियों को 25 प्रतिशत अंक रांगोली बनाने 75 प्रतिशत अंक क्षेत्र को सजावट पर मिलेंगे। इसमें स्वागत द्वार, वंदन द्वार, कॉरपेट सहित विद्युत साज-सज्जा भी की जा सकती है।  

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