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छत्तीसगड़

गेरसा बांध टूटने से किसानों की चिंता बढ़ी, 30 एकड़ में फैली फसलें खतरे में

सरगुजा

छत्तीसगढ़ में लगातार बारिश के बाद नदियों नालों का जलस्तर बढ़ गया है. सरगुजा के लुंड्रा विकासखंड के ग्राम पंचायत गेरसा में आज सुबह अचानक तेज बहाव के और अधिक जलस्तर के चलते गेरसा बांध टूट गया है, जिससे क्षेत्र में अफरातफरी का माहौल है. बांध के टूटने से नीचे की ओर लगभग 30 एकड़ फसल पानी में डूबकर खराब होने की आशंका जताई जा रही है. सूचना मिलते ही कलेक्टर ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया.

जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 9 बजे जब चरवाहे अपने मवेशी चराने जंगल की ओर जा रहे थे, तभी उन्हें पानी की तेज आवाज सुनाई दी. मौके पर पहुंचने पर पता चला कि बांध के एक साइड गेट के पास सुराख बन गया था, जो धीरे-धीरे बढ़ते-बढ़ते लगभग 3 मीटर चौड़ा हो गया और बांध का हिस्सा टूट गया. अचानक पानी फैल जाने से किसान और ग्रामीण परेशान हैं.

मौके पर पहुंची प्रशासन और एरिगेशन विभाग की टीम
घटना की जानकारी मिलते ही एरिगेशन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन पानी की अधिकता के चलते कोई ठोस बचाव कार्य शुरू नहीं हो पाया है. विशेषज्ञों का कहना है कि यदि मिट्टी का कटाव जारी रहा तो पूरा बांध क्षतिग्रस्त हो सकता है. अधिकारियों ने बताया कि पानी का स्तर कम होने के बाद ही बांध को दोबारा बांधने या मरम्मत का कार्य किया जा सकेगा.

कब बना था गेरसा बांध?
गेरसा जलाशय बांध का निर्माण 1991-92 में किया गया था. तीन दशक पुराने इस बांध की मजबूती पर पहले भी सवाल उठते रहे हैं, लेकिन अब टूटने से बड़ी समस्या सामने आ गई है. बांध के टूटने से ग्रामीणों की फसलों पर भी खतरा मंडरा रहा है.

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