<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
देश

यूरोपियन टूरिस्ट्स के लिए जैसलमेर बना पसंदीदा डेस्टिनेशन, होटल और कारोबारियों में उम्मीद

 जैसलमेर
रेगिस्तान की भीषण गर्मी के बीच जैसलमेर एक बार फिर विदेशी पर्यटकों के स्वागत के लिए तैयार है. इस ऑफ-सीजन रहने में भी शहर यूरोपियन पर्यटकों के स्वागत के लिए तैयार है. 15 जुलाई से पर्यटकों की आवाजाही शुरू होने की संभावना है. यूरोप में समर वेकेशन के चलते फ्रांस, इटली, स्पेन और जर्मनी समेत कई देशों से बड़ी संख्या में लॉन्ग-स्टे टूरिस्ट जैसलमेर पहुंचेंगे. इसे देखते हुए होटल, रिसॉर्ट, ट्रैवल एजेंसियां और टूर ऑपरेटर तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुट गए हैं.

भीड़भाड़ के बचने के लिए इन महीनों में आते हैं पर्यटक
पर्यटन व्यवसायियों के अनुसार, यूरोपीय पर्यटक भीड़भाड़ वाले पीक सीजन के बजाय जुलाई-अगस्त में जैसलमेर आना पसंद करते हैं. वे यहां की संस्कृति, लोकजीवन, विरासत और रेगिस्तानी परिवेश को करीब से समझने के लिए लंबे समय तक ठहरते हैं. इससे होटल उद्योग के साथ टैक्सी संचालकों, गाइड, हस्तशिल्प कारोबारियों और लोक कलाकारों को भी अच्छा रोजगार मिलता है.

टूरिज्म सेक्टर से जुड़े जितेंद्र कुमार
होटल कारोबारी जितेंद्र कुमार बिस्सा ने बताया कि जैसलमेर में पर्यटन सीजन की शुरुआत जुलाई से मानी जाती है. 15 जुलाई के बाद यूरोप से पर्यटकों का आगमन बढ़ जाता है और जुलाई से सितंबर तक का समय पर्यटन के लिए काफी महत्वपूर्ण रहता है. उन्होंने कहा कि वैश्विक हालात सामान्य होने से इस बार पर्यटन कारोबार के बेहतर रहने की उम्मीद है.

'स्लो टूरिज्म' पसंद करते हैं यूरोपीय पर्यटक
वहीं, फ्रेंच भाषी पर्यटन व्यवसायी कौशल के मुताबिक, शुरुआती दौर में अंतरराष्ट्रीय तनाव के कारण बुकिंग को लेकर चिंता थी. अब यूरोप से लगातार बुकिंग मिल रही है. यूरोपीय पर्यटक 'स्लो टूरिज्म' को प्राथमिकता देते हैं और जैसलमेर की विरासत व संस्कृति को आराम से अनुभव करना चाहते हैं. टूरिज्म सेक्टर से जुड़े नरेंद्र छंगानी बताते हैं कि इस सीजन में होटलों के किराए अपेक्षाकृत कम रहते हैं. इससे पर्यटक लंबे समय तक रुकते हैं. सितंबर के बाद होटल दरें बढ़ने से पहले उन्हें बेहतर सुविधाएं और विशेष डिस्काउंट का लाभ मिलता है.

यूरोप में गर्मियों की छुट्टियां होने के चलते पर्यटक जैसलमेर पहुंचेंगे.
ऑफ-सीजन में टूरिज्म से जगी उम्मीद
पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों को बड़ी उम्मीद है. उनका मानना है कि अगर हर साल की तरह इस बार भी यूरोपियन पर्यटकों का सिलसिला शुरू होता है तो ऑफ-सीजन में भी जैसलमेर का पर्यटन उद्योग गुलजार रहेगा. भीषण गर्मी के बावजूद स्वर्णनगरी की गलियां एक बार फिर विदेशी मेहमानों की चहल-पहल से आबाद नजर आएंगी.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button