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बिज़नेस

भारतीय आमों पर जापान की रोक से हलचल, आखिर वहां कौन-सा मैंगो है लोगों की पहली पसंद?

नई दिल्ली

भारत दुनिया में आम का सबसे बड़ा उत्पादक है. यहां हर साल लगभग 24 मिलियन मीट्रिक टन आम की पैदावार होती है और इसकी बेहतरीन किस्म दुनिया भर के देशों में एक्सपोर्ट की जाती हैं. हालांकि जापान ने अब भारतीय आमों के आयात पर अस्थायी रोक लगा दी है.  इसके बाद अल्फोंसो, केसर, लंगड़ा और बंगनपल्ली जैसी मशहूर किस्मों के निर्यातकों को झटका लगा है. इसी बीच अब कई लोग यह जानने को उत्सुक हैं कि जापान में असल में आम की कौन सी किस्म सबसे ज्यादा खाई जाती है? आइए जानते हैं इस सवाल का जवाब। 

जापान का भारतीय आमों पर प्रतिबंध 

    जापान ने भारतीय आमों के आयात पर कड़े क्वॉरेंटाइन नियमों के कारण रोक लगाई।
    यह रोक आम की गुणवत्ता या स्वाद की चिंता से नहीं, बल्कि पैकेजिंग में तकनीकी कमी से है।

    जापान में घरेलू 'इरविन' किस्म के आम लोकप्रिय हैं, जिन्हें लग्जरी उत्पाद माना जाता है।
    रोक से पहले भारतीय आमों की विदेशी फलों की चाहत रखने वाले ग्राहकों में काफी मांग थी।

जापान का यह फैसला स्वाद या फिर गुणवत्ता से जुड़ी चिंता की वजह से नहीं बल्कि कड़े कृषि क्वॉरेंटाइन नियम की वजह से लिया गया है. मार्च 2026 में जापान के क्वॉरेंटाइन अधिकारियों ने भारत में आमों के उपचार और पैकेजिंग सुविधाओं का निरीक्षण किया और कथित तौर पर एक्सपोर्ट से पहले इस्तेमाल की जाने वाली फ्यूमिगेशन और साफ सफाई प्रक्रिया में तकनीकी कमियां पाई। 

जापान आयातित फलों में कीटों और फ्रूट फ्लाइज के संबंध में काफी कड़ी जीरो टॉलरेंस नीति का पालन करता है. निरीक्षण के बाद जापान ने 25 मार्च 2026 के बाद जारी किए गए प्रमाण पत्रों के साथ आने वाली आमों की खेपों को स्वीकार करना बंद कर दिया। 

जापान में आम की कौन सी किस्म सबसे ज्यादा मशहूर? 
जापान में सबसे ज्यादा खाई जाने वाली आम की किस्म इरविन है. इसे आमतौर पर एप्पल मैंगो के नाम से जाना जाता है. भारत के उलट जहां आम को एक मौसमी फल माना जाता है जापान में आमों को विलासिता की वस्तु माना जाता है और अक्सर इन्हें काफी बेहतरीन उपहार के तौर पर खरीदा जाता है. इरविन किस्म की खेती मुख्य रूप से जापान के ओकिनावा और मिजायाकी प्रति में ग्रीन हाउस के अंदर काफी कंट्रोल्ड परिस्थितियों में की जाती है. ये आम अपने गहरे लाल रंग, मलाईदार बनावट, जबरदस्त मिठास और पूरी तरह से रेशे रहित गूदे के लिए जाने जाते हैं। 

वहीं अगर भारत की बात करें तो भारत के केसर, अल्फांसो, लंगड़ा और बंगनपल्ली आम जापान में सबसे ज्यादा भेजी जाती हैं और पसंद की जाती हैं। 

जापान में कौन से इंपोर्टेड आम लोकप्रिय हैं?
घरेलू तौर पर लग्जरी आमों का उत्पादन करने के बावजूद जापान अपनी कुल मांगों को पूरा करने के लिए अभी भी इंपोर्ट पर ही निर्भर है.  रोक लगने से पहले भारतीय आम उन ग्राहकों के बीच काफी लोकप्रिय थे जो विदेशी इंपोर्टेड फलों की तलाश में रहते थे. भारत के अलावा जापान थाईलैंड, मेक्सिको और फिलिपींस जैसे देशों से भी आम इंपोर्ट करता है। 

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