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उत्तर प्रदेश

उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय बोले- ड्रेस कोड से बढ़ेगी समानता, अनुशासन और सामाजिक समरसता

लखनऊ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता, अनुशासन और सामाजिक समरसता को मजबूत करने की दिशा में लगातार महत्वपूर्ण कदम उठा रही है। इसी क्रम में प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने बताया कि राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के निर्देशानुसार प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में ड्रेस कोड का पालन अनिवार्य किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक शिक्षण संस्थान में यथासंभव एक समान ड्रेस कोड लागू किया जाएगा, जिससे छात्र-छात्राओं के बीच समानता और अनुशासन की भावना को बढ़ावा मिलेगा।

मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि छात्र वर्ग एक समरूप (होमोजेनियस) वर्ग होता है, जहां किसी भी प्रकार का ऊंच-नीच या भेदभाव परिलक्षित नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई बार पहनावे के माध्यम से सामाजिक और आर्थिक असमानता दिखाई देती है, जिससे कुछ छात्रों में हीन भावना तथा कुछ में श्रेष्ठता का भाव विकसित हो जाता है। ड्रेस कोड लागू होने से इन परिस्थितियों पर प्रभावी नियंत्रण होगा और सभी छात्र समान वातावरण में अध्ययन कर सकेंगे।

उन्होंने कहा कि योगी सरकार का उद्देश्य केवल शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाना नहीं बल्कि शिक्षण संस्थानों में सकारात्मक, अनुशासित और संस्कारित माहौल तैयार करना भी है। ड्रेस कोड केवल अनुशासन का प्रतीक नहीं बल्कि सामाजिक समरसता और समान अवसर की भावना को मजबूत करने का माध्यम भी बनेगा। इससे छात्र-छात्राओं का ध्यान शिक्षा और व्यक्तित्व विकास पर अधिक केंद्रित रहेगा।

मंत्री उपाध्याय ने कहा कि प्रदेश सरकार उच्च शिक्षा संस्थानों को आधुनिक और अनुशासित शैक्षणिक वातावरण देने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठा रही है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में एकरूपता के साथ बेहतर शैक्षणिक संस्कृति विकसित होगी, जो विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित भारत के लक्ष्य को मजबूत आधार प्रदान करेगी।

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