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खेल-जगत

30 लाख बेस प्राइस पर 28 बार बोली, संजीव गोयनका ने ‘सिक्सर किंग’ चौधरी पर लगाया दांव

कोलकाता

कोलकाता के ईडन गार्डन्स में 9 अप्रैल (गुरुवार) को खेले गए रोमांचक मुकाबले में 21 साल के मुकुल चौधरी ने ऐसी पारी खेली, जिसने ना सिर्फ मैच का रुख बदला बल्कि एक नए फिनिशर का संकेत भी दे दिया. लखनऊ सुपर जायंट्स जब 104/5 पर संघर्ष कर रही थी और 7 ओवर में 78 रन चाहिए थे, तब क्रीज पर मौजूद मुकुल ने हालात को समझते हुए जिम्मेदारी अपने कंधों पर ले ली। 

आयुष बदोनी के आउट होते ही मुकुल को साफ हो गया कि अब मैच को अंत तक ले जाना उनकी ही जिम्मेदारी है. उन्होंने खुद मैच के बाद कहा- जब आयुष भैया आउट हुए, तब मुझे लगा कि जो भी करना है, अब मुझे ही करना है. मैं जीत-हार के बारे में नहीं सोच रहा था, बस मैच को करीब ले जाना चाहता था। 

इसके बाद 30 गेंदों में से मुकुल ने 25 गेंदें खुद खेलीं, जिससे दबाव को अपने ऊपर रखा और दूसरे छोर पर बल्लेबाजों को बचाने का काम किया. उन्होंने कई ओवरों में स्ट्राइक मैनेजमेंट का बेहतरीन उदाहरण पेश किया. दो ओवर लगातार पांचवीं गेंद पर सिंगल लेकर उन्होंने आवेश खान को सिर्फ एक गेंद खेलने दी. हालांकि 19वें ओवर में उन्होंने स्ट्राइक अपने पास रखने का फैसला किया और कैमरन ग्रीन की धीमी शॉर्ट गेंद को मिडविकेट के ऊपर छक्के के लिए भेज दिया। 

मुकुल की पारी सिर्फ ताकत का प्रदर्शन नहीं थी, बल्कि मानसिक मजबूती का भी उदाहरण थी. मैच से एक दिन पहले तक वह अपनी बैटिंग को लेकर ज्यादा सोच रहे थे. टीम बस में कप्तान ऋषभ पंत ने उन्हें सलाह दी कि ज्यादा प्रयोग करने के बजाय गेंद को देखकर खेलो. इस सलाह ने उनका खेल पूरी तरह बदल दिया। 

शुरुआत में मुकुल को थोड़ी परेशानी हुई. वह सुनील नरेन की गेंदों को पढ़ नहीं पा रहे थे और वैभव अरोड़ा के खिलाफ भी जूझते दिखे. 9 गेंदों में 6 रन के स्कोर पर और 21 गेंदों में 50 रन की जरूरत के समय उन्होंने पहले से यॉर्कर का अंदाजा लगाकर दो कदम हटकर कलाईयों के दम पर लंबा छक्का जड़ दिया. इस शॉट में महेंद्र सिंह धोनी की झलक दिखी, जिसे बाद में उन्होंने उन्हें समर्पित भी किया। 

कार्तिक त्यागी की स्लोअर गेंदों पर भी मुकुल ने जबरदस्त बैटस्पीड से जवाब दिया. कवर के ऊपर मारा गया उनका शॉट उनकी ताकत और आत्मविश्वास दोनों को दिखाता है। 

19वें ओवर में कैमरन ग्रीन के खिलाफ मुकुल ने अलग ही अंदाज दिखाया. पहली गेंद पर टॉप-एज मिला, दूसरी पर मिस कर गए और गेंद पीठ पर लगी. इसके बाद उन्होंने तुरंत ग्लव्स बदले. दबाव साफ दिख रहा था, लेकिन अगली ही गेंद पर उन्होंने लंबा छक्का जड़कर मैच को अपने नियंत्रण में कर लिया. आखिरी गेंद पर सिंगल लेने के बजाय फिर छक्का लगाकर उन्होंने मुकाबला लगभग खत्म कर दिया। 

मैच में आवेश खान उनसे बात करने की कोशिश करते रहे, लेकिन मुकुल ने जरूरत के हिसाब से ही बात सुनी. उन्होंने खुद को अलग रखते हुए पूरी तरह अपने गेम पर ध्यान दिया. यह दिखाता है कि इतनी कम उम्र में भी उनके पास मैच की समझ और मानसिक संतुलन है। 

आखिरी शॉट में उनकी कलाईयों की ताकत और बैलेंस साफ दिखा. गेंद बाउंड्री के पार जाने के बाद भी उनका संतुलन बना रहा. जीत के बाद उन्होंने आसमान की ओर देखकर जश्न मनाया और भगवान का शुक्रिया अदा किया। 

मैच खत्म होने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी मुकुल उतने ही शांत दिखे. उन्होंने इसे अपने लिए मौका बताया और कहा कि वह इसी तरह अपना नाम और पहचान बनाना चाहते हैं। 

मुकुल चौधरी का नाम भले ही अभी नया हो, लेकिन जिस तरह से उन्होंने दबाव में खुद को संभाला, उससे साफ है कि भारतीय क्रिकेट को एक और भरोसेमंद फिनिशर मिल सकता है। 

तो कितने रुपए में आईपीएल में खरीदे गए मुकुल चौधरी 
ईडन गार्डन में अपने खेल की छटा ब‍िखेरेने वाले मुकुल को आईपीएल में खरीदने के लिए कई टीमों ने जोर लगाया था. वो मौजूदा आईपीएल में अब तक 3 मैच खेल चुके हैं. जहां उनके नाम 162.79 के स्ट्राइक रेट से कुल 70 रन हैं. उनका बेस प्राइज 30 लाख रुपए था, जहां उनको संजीव गोयनका की टीम लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) ने उनको  2.60 करोड़ में खरीदा था। 

28 बार लगी थी मुकुल चौधरी के लिए बोली 
मुकुल चौधरी के लिए IPL 2026 का ऑक्शन किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं रहा. उन्होंने अपना नाम 30 लाख रुपये की बेस प्राइस पर डाला था, लेकिन जैसे ही उनका नाम आया, टीमों के बीच जबरदस्त टक्कर शुरू हो गई. शुरुआत में मुंबई इंडियंस (MI) और राजस्थान रॉयल्स (RR) ने बोली लगानी शुरू की. धीरे-धीरे कीमत  ₹30 लाख से बढ़कर 1 करोड़ तक पहुंच गई। 

इसके बाद असली मुकाबला राजस्थान रॉयल्स और लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के बीच देखने को मिला. दोनों टीमों ने एक-दूसरे को कड़ी टक्कर दी और लगातार बोली बढ़ाते गए. हर कुछ सेकंड में कीमत ऊपर जाती रही, 1.20 करोड़, 1.50 करोड़, 1.80 करोड़ और फिर 2 करोड़ के पार. आखिर में लखनऊ सुपर जायंट्स ने बाजी मार ली और मुकुल चौधरी को 2.60 करोड़ रुपये में खरीद लिया. कुल मिलाकर उनके लिए 28 बार बोली लगी, जो दिखाता है कि फ्रेंचाइजियों को उनके टैलेंट पर कितना भरोसा था। 

राजस्थान के झुंझनू में हुआ मुकुल चौधरी का जन्म
मुकुल चौधरी राजस्थान के लिए घरेलू क्रिकेट खेलने वाले विकेटकीपर-बल्लेबाज हैं. उन्होंने अंडर-23 लेवल पर शानदार प्रदर्शन कर पहचान बनाई. इसके बाद सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2025-26 में उन्होंने जबरदस्त बल्लेबाजी करते हुए 5 पारियों में 173 रन बनाए, जहां उनका स्ट्राइक रेट 198.85 रहा। 

मुकुल चौधरी राइट हैंडेट मिडिल ऑर्डर बैटर हैं. मुकुल का जन्म 6 अगस्त 2004 को राजस्थान के झुंझुनू हुआ. मुकुल राजस्थान के लिए ही घरेलू क्रिकेट खेलते हैं. मुकुल ने अब तक 4 फर्स्ट क्लास, 5 लिस्ट-ए और 10 टी20 मुकाबले खेले हैं. फर्स्ट क्लास मैचों में मुकुल ने 17.16 की औसत से 103 रन बनाए हैं. वही लिस्ट-ए क्रिकेट में मुकुल के नाम पर 14.20 के एवरेज से 71 रन दर्ज हैं. टी20 क्रिकेट में मुकुल ने 46.66 और 164.70 की स्ट्राइक रेट से 280 रन स्कोर किए हैं, जिसमें तीन अर्धशतक शामिल रहे। 

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