<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
मध्यप्रदेश

एमपी ट्रांसको के आगर 132 के.वी. सब स्टेशन में तकनीकी नवाचार

पुराने फाउंडेशन पर स्थापित किया गया अधिक क्षमता का कैपेसिटर बैंक

एमपी ट्रांसको के आगर 132 के.वी. सब स्टेशन में तकनीकी नवाचार

उपभोक्ताओं को मिल रही गुणवत्तापूर्ण एवं स्थिर वोल्टेज की बिजली

भोपाल 
ऊर्जा मंत्री  प्रद्युम्न सिंह तोमर ने बताया है कि मध्यप्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) ने आगर स्थित 132 के.वी. सब स्टेशन में तकनीकी नवाचार करते हुए पुराने कैपेसिटर बैंक के फाउंडेशन पर ही अधिक क्षमता का नया कैपेसिटर बैंक सफलतापूर्वक स्थापित कर ऊर्जीकृत किया है।

क्षेत्र में इंडक्टिव लोड बढ़ने के कारण पूर्व में स्थापित 5 एमवीएआर क्षमता का कैपेसिटर बैंक लोड वहन नहीं कर पा रहा था। इससे वोल्टेज प्रोफाइल प्रभावित हो रही था। सीमित स्थान के कारण नए फाउंडेशन का निर्माण संभव नहीं था।

तकनीकी नवाचार से निकला समाधान

वोल्टेज प्रबंधन की चुनौती का समाधान करते हुए एमपी ट्रांसको के सहायक अभियंता श्री योगेश राठौर ने तत्कालीन कार्यपालन अभियंता श्री शेखर फटाले के मार्गदर्शन में पुराने फाउंडेशन का ही उपयोग कर आवश्यक तकनीकी संशोधन किए और उसी फांउडेशन पर 12 एमवीएआर क्षमता का नया कैपेसिटर बैंक स्थापित किया। इससे समय और लागत कम होने के साथ ही क्षमता संवर्धन के लिये अतिरिक्त भूमि की जरूरत नहीं पड़ी।

इन क्षेत्रों को मिल रहा है लाभ

कैपेसिटर बैंक की क्षमता बढ़ने से आगर 132 के.वी. सब स्टेशन से जुड़े 33 के.वी. के 9 फीडरों के हजारों उपभोक्ताओं को बेहतर, स्थिर और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति मिल रही है। लाभान्वित क्षेत्रों में मोया खेड़ा, कानड़, नलखेड़ा, निपानिया बैजनाथ, मडकोटा, थानोदला, आगर, झरड़ा एवं आगर टाउन शामिल हैं।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button