<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
उत्तर प्रदेश

सेमीकंडक्टर से लेकर डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग तक यूपी बन रहा निवेशकों की पहली पसंद

आम बजट 2026-27 से उत्तर प्रदेश के विकास को मिलेगी नई रफ्तार: सीएम योगी

मुख्यमंत्री ने आम बजट के उत्तर प्रदेश पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर की प्रेस वार्ता

सेमीकंडक्टर से लेकर डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग तक यूपी बन रहा निवेशकों की पहली पसंद

एमएसएमई, ओडीओपी और इन्फ्रास्ट्रक्चर पर केंद्रित बजट से यूपी को मिलेगा सीधा लाभ

हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर, फ्रेट कॉरिडोर और जलमार्गों से यूपी बनेगा लॉजिस्टिक्स हब

खेल, स्टार्टअप और इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग में नई ऊंचाई की ओर उत्तर प्रदेश

पर्यटन, मेडिकल टूरिज्म और आयुर्वेद से रोजगार के नए द्वार खोलेगा आम बजट

युवाओं, महिलाओं और किसानों पर फोकस, विकसित भारत के लक्ष्य में होगी यूपी की बड़ी भूमिका

सेमीकंडक्टर पार्क, डेटा सेंटर और फार्मा हब से बदलेगा यूपी का औद्योगिक परिदृश्य

लखनऊ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को आम बजट 2026-27 को लेकर आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बीते 11 वर्षों में देश ने जो विकास यात्रा तय की है, उसका प्रत्यक्ष लाभ अब जमीनी स्तर पर दिखाई दे रहा है। यह बजट रिफॉर्म, ग्रोथ और फिस्कल डिसिप्लिन का संतुलित दस्तावेज है, जो नए भारत के निर्माण के साथ-साथ उत्तर प्रदेश को विकास, निवेश और रोजगार के नए अवसर प्रदान करेगा। सीएम योगी ने विश्वास जताया कि आम बजट 2026-27 उत्तर प्रदेश को ‘विकसित भारत-2047’ के लक्ष्य में अग्रणी भूमिका निभाने में सक्षम बनाएगा।

रिफॉर्म, ग्रोथ और फिस्कल डिसिप्लिन के संतुलन से सशक्त भारत की नींव
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बजट में रिफॉर्म, ग्रोथ और फिस्कल डिसिप्लिन तीनों का संतुलित समावेश स्पष्ट रूप से दिखाई देता है। इन तीनों तत्वों को एक सूत्र में पिरोकर यह बजट आने वाली पीढ़ियों को जोड़ते हुए एक सशक्त और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में मजबूत आधार प्रदान करता है। यह बजट किसान, युवा, महिला और गरीब, सभी वर्गों की आकांक्षाओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। स्वाभाविक रूप से, इसके माध्यम से देश की सबसे बड़ी आबादी वाले राज्य उत्तर प्रदेश की अपेक्षाओं और विकास जरूरतों को पूरा करने के लिए नई संभावनाओं के द्वार खुले हैं।

एमएसएमई सेक्टर में घोषणा का उत्तर प्रदेश को मिलेगा सर्वाधिक लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट का सबसे महत्वपूर्ण और दूरगामी प्रभाव डालने वाला पहलू एसएमई के लिए 10,000 करोड़ रुपये के प्रावधान की घोषणा है। उत्तर प्रदेश इस क्षेत्र में देश का नेतृत्व करता है और प्रदेश के पास देश का सबसे बड़ा एमएसएमई आधार है। वर्तमान में, उत्तर प्रदेश में लगभग 96 लाख एमएसएमई इकाइयां सक्रिय हैं, जिनके माध्यम से करीब तीन करोड़ लोग प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से आजीविका और आर्थिक प्रगति से जुड़े हुए हैं। सीएम ने कहा कि यह फंड विशेष रूप से ओडीओपी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होगा, जिसे उत्तर प्रदेश ने ब्रांडिंग, डिजाइनिंग, पैकेजिंग और एक्सपोर्ट से जोड़कर सफलतापूर्वक आगे बढ़ाया है। बजट के माध्यम से एमएसएमई सेक्टर को नई तकनीक, स्किल ट्रेनिंग, आधुनिक पैकेजिंग और वैश्विक निर्यात बाजारों से जोड़ने का मार्ग प्रशस्त होगा। 

यूपी बनेगा कनेक्टिविटी और लॉजिस्टिक्स का राष्ट्रीय हब
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में 12 लाख 20 हजार करोड़ रुपये का विशाल इन्फ्रास्ट्रक्चर फंड तैयार किए जाने की घोषणा की गई है, जो उत्तर प्रदेश में इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास, कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करने और विभिन्न प्रमुख सेक्टरों को नई गति देने में निर्णायक भूमिका निभाएगा। ईस्टर्न और वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर भी उत्तर प्रदेश से होकर गुजर रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप प्रदेश के भीतर देश का सबसे बड़ा लॉजिस्टिक्स हब विकसित हो रहा है। इसका सीधा लाभ उद्योग, व्यापार और रोजगार सृजन के रूप में उत्तर प्रदेश को प्राप्त होगा। 

इनलैंड वाटरवे में यूपी की होगी महत्वपूर्ण भूमिका
सीएम योगी ने कहा कि देश में घोषित 20 अंतर्देशीय जलमार्गों में उत्तर प्रदेश की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रदेश में देश का पहला इनलैंड वाटरवे वाराणसी से हल्दिया के बीच पहले ही प्रारंभ किया जा चुका है, जबकि इनके विस्तार के लिए वाराणसी, प्रयागराज और यमुना नदी तक जलमार्ग विकसित करने के प्रस्ताव तैयार किए गए हैं। कार्गो मूवमेंट को और सुदृढ़ करने के उद्देश्य से शिप रिपेयर एवं मेंटिनेंस इकोसिस्टम विकसित करने की दिशा में वाराणसी को मिलने वाला लाभ, उत्तर प्रदेश के इनलैंड वाटरवे नेटवर्क को और मजबूत करेगा, जिससे माल ढुलाई की लागत में उल्लेखनीय कमी आएगी और परिवहन व्यवस्था अधिक प्रभावी बनेगी।

हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर से मिलेगी विकास को नई गति
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में घोषित 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर में से 2 महत्वपूर्ण कॉरिडोर उत्तर प्रदेश को प्राप्त हुए हैं। इन हाई-स्पीड रेल परियोजनाओं के अंतर्गत ट्रेनों की गति 300 से 500 किलोमीटर प्रति घंटे तक होगी, जिससे प्रदेश को तेज, आधुनिक और विश्वस्तरीय रेल कनेक्टिविटी का लाभ मिलेगा। इससे न केवल यात्रा समय में भारी कमी आएगी, बल्कि औद्योगिक, पर्यटन और व्यापारिक गतिविधियों को भी नई गति प्राप्त होगी।

उत्तर प्रदेश में बायो-फार्मा सेक्टर की संभावनाएं हुईं सुदृढ़
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट के माध्यम से बायो-फार्मा सेक्टर में उत्तर प्रदेश की संभावनाएं और अधिक सुदृढ़ हुई हैं। ललितपुर में लगभग 1,200 एकड़ क्षेत्रफल में बल्क ड्रग पार्क विकसित किए जाने की प्रक्रिया को तेज किया गया है, जबकि गौतम बुद्ध नगर के यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में मेडिकल डिवाइस पार्क का कार्य भी अत्यंत उन्नत चरण में पहुंच चुका है। बायो-फार्मा सेक्टर के लिए बजट में 10,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो भारत को वैश्विक फार्मा हब के रूप में स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा। लखनऊ में होने वाले फार्मा कॉन्क्लेव में देशभर से प्रमुख स्टेक-होल्डर्स की भागीदारी स्पष्ट संकेत है कि उत्तर प्रदेश इस सेक्टर में निवेश, नवाचार और नई सुविधाओं के लिए पूरी तरह तैयार है।

डेटा सेंटर हब और ग्राम स्वराज से यूपी को डिजिटल व ग्रामीण विकास की दोहरी ताकत
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत को डेटा सेंटर हब के रूप में विकसित करने की दिशा में केंद्र सरकार द्वारा उठाए गए कदम उत्तर प्रदेश को एक नई दिशा देंगे। प्रदेश में 22,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश के साथ डेटा सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं। अब तक उत्तर प्रदेश में लगभग 700 मेगावाट क्षमता के डेटा सेंटर स्थापित हो चुके हैं और इस सेक्टर में निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। केंद्र सरकार द्वारा इस क्षेत्र के लिए आरक्षित की गई धनराशि उत्तर प्रदेश को राष्ट्रीय स्तर पर डेटा सेंटर हब के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि बजट में महात्मा गांधी ग्राम स्वराज योजना की घोषणा की गई है, जिसका सर्वाधिक लाभ उत्तर प्रदेश को मिलेगा। देश में सबसे अधिक ग्राम पंचायतें और बड़ी ग्रामीण आबादी, उत्तर प्रदेश में निवास करती है। प्रदेश में 1.05 लाख से अधिक राजस्व गांव मौजूद हैं, जो इस योजना के प्रभावी क्रियान्वयन की अपार संभावनाओं को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण उत्पादों को वैश्विक मार्केटिंग नेटवर्क से जोड़ने में सहायक होगी, जिससे कारीगरों और ग्रामीण उद्यमियों को उनके उत्पादों का बेहतर मूल्य प्राप्त होगा। 

थोड़ी सुविधा और सुरक्षा से हर केंद्र बन सकता है विश्वस्तरीय टूरिस्ट डेस्टिनेशन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यदि सरकार बुनियादी सुविधाएं और सुदृढ़ सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित कर दे, तो कोई भी धार्मिक या ऐतिहासिक केंद्र स्वतः ही विश्वस्तरीय पर्यटन स्थल बन सकता है। माघ मेले की अभूतपूर्व सफलता ने उत्तर प्रदेश की असीम पर्यटन संभावनाओं को स्पष्ट रूप से सामने रखा है। पहले माघ मेला केवल कल्पवासियों तक सीमित रहता था और इसमें लाखों श्रद्धालु आते थे, लेकिन इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या ने सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए। 

पर्यटन क्षेत्र को मिलेगी नई गति
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम बजट 2026-27 में देशभर की 15 आर्कियोलॉजिकल साइट्स को विकसित करने का प्रावधान किया गया है, जिनमें से दो महत्वपूर्ण स्थल उत्तर प्रदेश मे…

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button