<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
मध्यप्रदेश

Indore Ragging Case: seniors का हैवानियत भरा टॉर्चर, घंटों बंधक बनाकर कराया नशा, चार छात्र निलंबित

इंदौर
एमजीएम मेडिकल कॉलेज में रैगिंग का मामला सामने आया है। सीनियर ने धोखे से जूनियरों को अपने निजी फ्लैट पर बुलाया। उनसे मारपीट की और तीन घंटे तक बंधक बनाए रखा। जूनियरों को शराब व सिगरेट पीने पर मजबूर किया गया। इस मामले में एमबीबीएस 2025 बैच के विद्यार्थियों ने यूजीसी की नेशनल एंटी-रैगिंग सेल में शिकायत की है। इसमें उन्होंने आरोप लगाया कि 2024 बैच के सीनियर छात्रों ने बंधक बना कर उनके साथ ये हरकत की।

4 सीनियर छात्र निलंबित
मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. अरविंद घनघोरिया ने बताया कि यूजीसी में शिकायत 18 नवंबर को दर्ज कराई थी। 20 नवंबर को कॉलेज की एंटी-रैगिंग सेल ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए और चार सीनियर मेडिकल छात्रों को एक-एक माह के लिए निलंबित कर दिया है।
 
करीब तीन घंटे तक बंधक बनाकर रखा
शिकायत में जूनियरों ने बताया है कि उनके ही एक बैच मेट ने उन्हें झांसे में लेकर फ्लैट तक पहुंचाया। उन्हें यह नहीं पता था कि फ्लैट में सीनियर रहते हैं। इस कारण वे लोग सीनियरों के जाल में फंस गए। उन्हें करीब तीन घंटे तक वहीं रोके रखा गया। मारपीट की गई। जूनियर इतना डरे हुए हैं कि उन्होंने शिकायत में यह भी लिखा है कि कृपया हमारी सुरक्षा सुनिश्चित करें और कार्रवाई करें।

दो वर्षों में रैगिंग के सात मामले सामने आए
बता दें कि इससे पहले अक्टूबर माह में भी रैगिंग की घटना सामने आई थी। जिसमें स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में प्रथम वर्ष की पीजी छात्रा ने आरोप लगाया था कि वह इतना परेशान हो गई कि वह मानसिक रूप से प्रताड़ित होकर 14 दिन की छुट्टियों पर अपने घर चली गई। यह भी आरोप लगाया था कि इससे चार माह में उसका वजन 22 किलो कम हो गया था। हालांकि बाद में उसने अपनी शिकायत वापस ले ली थी। इस मेडिकल कालेज में दो वर्षों में रैगिंग के सात मामले सामने आ चुके हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button