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उत्तर प्रदेश

गले मिले, संवेदना जताई — हरिओम के परिवार से मुलाकात के दौरान इमोशनल हुए राहुल गांधी

फतेहपुर

यूपी के फतेहपुर जिले में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने शुक्रवार की सुबह रायबरेली के ऊंचाहार में मॉब लिंचिंग का शिकार हुए हरिओम वाल्मीकि के परिवार से काफी देर तक मुलाकात की। इस दौरान हरिओम के परिजन राहुल से मिलकर भावुक हो गए। बेटे हरिओम को खोने के बाद परिवार सदमे में है।

राहुल गांधी ने संवेदना व्यक्त की और परिवार के सदस्यों का हाथ अपने हाथ में थाम लिया। मार्मिक मुलाकात के दौरान राहुल ने हरिओम के पिता को गले भी लगाया। कांग्रेस नेता के सामने हरिओम की मां फूट-फूटकर रोने लगीं। इसपर राहुल ने उनका हाथ थामकर ढांढस बंधाया। शुक्रवार सुबह जब कांग्रेस नेता मृतक हरिओम के घर पहुंचे तो शोकाकुल परिवार सदमे में डूबा था। राहुल गांधी ने हरिओम के पिता का न केवल हाथ थामा बल्कि उन्हें गले भी लगाया। हरिओम की मां के सामने भी राहुल गांधी भी भावुक हो गए।
 
हरिओम की मां राहुल के सामने फफक पड़ीं। बेटे की मौत पर दुख जताया। कांग्रेस नेता ने उनका हाथ पकड़कर उन्हें शांत कराया। इस दौरान राहुल गांधी ने परिवार को न्याय दिलाने और हर कदम पर उनका साथ देने का आश्वासन दिया।
 
यूपी के रायबरेली जिले के ऊंचाहार में 2 अक्तूबर को चोर समझकर भीड़ ने बर्बरता से हरिओम वाल्मीकि की पिटाई की। जिससे उसकी मौत हो गई। मॉब लिंचिंग की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया। बताया जाता है कि पिटाई के दौरान हरिओम ने अपना नाम और पता भी बताया था। इसके अलावा अंतिम सांसों में कांग्रेस नेता राहुल गांधी का नाम भी लिया था। जिसके बाद इस मुद्दे ने बड़ा सियासी रूप ले लिया था।

'हमारे बेटे, हमारे भाई को मारा गया है'
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने दो अक्तूबर को रायबरेली में कथित तौर पर पीट-पीटकर हत्या मारे गए हरिओम वाल्मीकि के परिवार से मुलाकात के बाद कहा कि, "कुछ दिन पहले दलित अफसर ने आत्महत्या की थी। मैं वहां गया और आज मैं यहां आया हूं। अपराध इस परिवार ने नहीं किया, अपराध इनके खिलाफ किया गया है और लग ऐसा रहा है कि यह लोग अपराधी हैं। इन्हें घर में बंद कर रखा है, इन्हें डराया जा रहा है। ये लोग केवल न्याय मांग रहे हैं। हमारे बेटे, हमारे भाई को मारा गया है। उसकी हत्या की गई है। हम केवल न्याय मांग रहे हैं।

'इन्हें न्याय दीजिए, इनका सम्मान कीजिए'
पूरे देश में दलितों के खिलाफ अत्याचार, हत्याएं, दुष्कर्म जैसी घटनाएं हो रही हैं। मैं मुख्यमंत्री से कहना चाहता हूं, इन्हें न्याय दीजिए, इनका सम्मान कीजिए। जो अपराधी हैं उनके खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई कीजिए और उनकी रक्षा करने का प्रयास मत कीजिए…(पीड़ित परिवार) मुझ से मिलें, मुझ से ना मिलें यह जरूरी नहीं है, बल्कि जरूरी बात यह है कि ये लोग अपराधी नहीं हैं। इन्होंने कोई गलती नहीं की है… अपराधी दूसरे लोग हैं और उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। मैंने आज यहां आकर इनसे बातचीत की, इनका दर्द और दुख सुना और कांग्रेस पार्टी और मेरा प्रयास है कि हम जो मदद कर सकते हैं हम करेंगे।

'परिवार को मुझसे न मिलने की धमकी दी'
लोकसभा नेता राहुल गांधी ने कहा कि आज सुबह सरकार ने परिवार को मुझसे न मिलने की धमकी दी, यह महत्वपूर्ण नहीं है कि पीड़ित परिवार मुझसे मिलता है या नहीं, लेकिन महत्वपूर्ण यह है कि ये लोग अपराधी नहीं हैं। उन्होंने कोई गलती नहीं की है। मैंने मृतक के परिवार से मुलाकात की और उनकी बात सुनी। कांग्रेस पार्टी और मैं परिवार को हर संभव मदद प्रदान करने की पूरी कोशिश करेंगे। देश में जहां भी दलितों के खिलाफ अत्याचार होगा, कांग्रेस वहां होगी और हम हर संभव मदद प्रदान करेंगे और न्याय के लिए लड़ेंगे।

राहुल गांधी से मुलाकात करने से कर दिया था इनकार
इससे पहले शुक्रवार सुबह परिवार ने राहुल गांधी से मुलाकात करने से साफ इनकार कर दिया था। हरिओम के भाई शिवम ने कहा है कि मैं सरकार की कार्रवाई से संतुष्ट हूं। इस मामले में किसी तरह की राजनीति नहीं चाहते हैं। मेरे भाई के हत्यारों को जेल भेजा गया है और बहन को नौकरी भी दी गई है। हम चाहते हैं कि कांग्रेस और अन्य राजनैतिक पार्टियों के नेता राजनीति करने न आएं। माना जा रहा है कि परिवार अब राजनीतिक हस्तक्षेप से दूर रहना चाहता है, क्योंकि मामले में प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की है।

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