<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
राजनीति

आतंकवाद पर सख़्त, क्रिकेट पर नरम? कांग्रेस ने उठाए सवाल

नई दिल्ली
संयुक्त राष्ट्र महासभा में एक बार फिर भारत ने पाकिस्तान को धो डाला। कई देशों के प्रतिनिधियों के बोलने के बाद बारी भारत की थी। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने मौका न गंवाते हुए सभी देशों को यह बता दिया कि पाकिस्तान आतंकवाद का अड्डा है,लेकिन जयशंकर की इस स्पीच पर कांग्रेस नेता उदित राज ने सवाल उठाए हैं। उदित राज ने पूछा कि अगर पाकिस्तान आतंकवाद का गढ़ है तो फिर उसके साथ क्रिकेट क्यों खेल रहे हैं?

मीडिया से बात करते हुए उदित राज ने पूछा कि अगर पाकिस्तान आतंकवाद का अड्डा है, तो उसके साथ क्रिकेट क्यों खेलते हैं? क्या यह अमित शाह के बेटे के हितों या पैसा कमाने के इरादे से है? उदित राज ने हमला जारी रखते हुए कहा कि जयशंकर का पाक को आतंकवादी कहना और बाद में क्रिकेट भी खेलने देना, दोहरा चरित्र दिखाता है। कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि दर्शक जो क्रिकेट देख रहा है, उसके पीछे बहुत राज छिपे हुए हैं। कई बार तो यह तय किया जाता है कि कौन जीतगा और कौन हारेगा। इसके लिए लाखों-करोड़ों का लेन-देन होता है। जब ऑपरेशन सिंदूर चालू है, आप एशिया कप पाकिस्तान जैसे आतंकी देश के साथ क्यों खेल रहा है? ये जवाब भारत सरकार को देना है।

इससे पहले संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र के आम बहस में अपने संबोधन में, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने आतंकवाद के खिलाफ एक कड़ा संदेश दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि आतंकवाद को प्रायोजित करने वाले राष्ट्रों का समर्थन करने वालों को पता चलेगा कि यह "पलट कर उन्हीं को काटेगा।"

उन्होंने कहा कि हमें अपने अधिकारों पर जोर देने के साथ-साथ खतरों का भी दृढ़ता से सामना करना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि आतंकवाद का मुकाबला करना एक खास प्राथमिकता है क्योंकि यह "कट्टरता, हिंसा, असहिष्णुता और डर" का मिश्रण है। जयशंकर ने UNGA मंच से विश्व नेताओं को अपना संबोधन "भारत के लोगों की ओर से नमस्कार" के अभिवादन के साथ शुरू किया। उन्होंने कहा, "भारत ने स्वतंत्रता के बाद से ही इस चुनौती का सामना किया है, क्योंकि उसका एक पड़ोसी है जो वैश्विक आतंकवाद का केंद्र है।"

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button