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मध्यप्रदेश

मध्यप्रदेश के हाइवे पर यात्रियों के लिए खुशखबरी, मिलेंगी ये 5 अहम सुविधाएं

 ग्वालियर
 नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की सहयोगी संस्था नेशनल हाइवेज लॉजिस्टिक मैनेजमेंट लिमिटेड (एनएचएलएमएल) मध्यप्रदेश के चार हाइवे किनारे यात्रियों के लिए सुविधाएं बढ़ाने की तैयारी कर रही है। एनएचएआई की खाली पड़ी जमीन को विकसित कर फूड कोर्ट, रेस्टोरेंट, शॉपिंग स्टोर, पार्किंग, शौचालय, ईवी चार्जिंग स्टेशन और डोरमेट्री जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। यहां वाहन चालक थोड़ी देर रुककर आराम कर सकेंगे और यात्रियों के लिए बच्चों का खेलकूद एरिया भी विकसित किया जाएगा।

इन चार स्थानों पर यह सुविधाएं विकसित होंगी:

    ग्वालियर-शिवपुरी हाइवे पर घाटीगांव
    तेजाजीनगर-बलवारा के पास बैग्राम (एनएच 347)
    नेशनल हाइवे 52 पर भाटखेड़ी
    इंदौर-गुजरात नेशनल हाइवे 47 पर हटोड

अभी तक राष्ट्रीय राजमार्गों पर केवल टोल प्लाजा के आसपास कुछ सुविधाएं उपलब्ध होती थीं। लेकिन नए बने एक्सप्रेसवे की तरह अब पुराने नेशनल हाइवे पर भी यात्रियों की सुविधाओं को लेकर गंभीर पहल की जा रही है।

इन परियोजनाओं से सरकार को भी फायदा होगा क्योंकि विकसित की गई जमीन लीज पर दी जाएगी, जिससे राजस्व प्राप्त होगा।

सर्वे रिपोर्ट से सामने आई जानकारी

    तेजाजीनगर-बलवारा (एनएच 347) बैग्राम: 4.86 हेक्टेयर जमीन, यहां से रोजाना 330 कारें और 1,871 ट्रक गुजरते हैं।

    नेशनल हाइवे 52, भाटखेड़ी: 2.58 हेक्टेयर जमीन, यहां से औसतन 3,023 कारें और 3,134 ट्रक गुजरते हैं।

    ग्वालियर-शिवपुरी (एनएच 46) घाटीगांव: 0.82 हेक्टेयर जमीन, रोजाना 1,637 कारें, 156 बसें और 2,105 ट्रक गुजरते हैं।

    इंदौर-गुजरात हाइवे (एनएच 47) हटोड: 2.86 हेक्टेयर जमीन, प्रतिदिन 2,243 कारें, 359 बसें और 1,230 ट्रक गुजरते हैं।

क्षेत्रीय कारीगरों को बढ़ावा

इस प्रोजेक्ट की खास बात यह है कि हाईवे सुविधाओं में क्षेत्रीय कला और कारीगरों के लिए कियोस्क और स्टॉल भी उपलब्ध कराए जाएंगे। यात्री यहां से स्थानीय कलाकृतियां खरीद सकेंगे, जिससे क्षेत्रीय कारीगरों को रोजगार मिलेगा और हाइवे पर गुजरने वाले लोगों के लिए यह आकर्षण का केंद्र बनेगा।

 

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