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विदेश

इजरायल पर दागी फतह-1 हाइपरसोनिक मिसाइल, आवाज से भी तेज है रफ्तार: ईरान का दावा

ईरान 
ईरान ने अपनी सबसे खतरनाक मिसाइल ‘फतह-1 को इजरायल पर दागने का दावा किया है। यह एक हाइपरसोनिक मिसाइल है, जिसे ईरान ने ‘इजरायल-स्ट्राइकर की उपाधि दी है। रिपोर्ट के अनुसार, अगर ईरान का दावा सही है तो यह पहली बार है जब इस मिसाइल का मौजूदा संघर्ष में उपयोग किया गया है। इससे पहले अक्तूबर 2024 में भी इसे यरुशलम पर दागा गया था।

विशेषज्ञों का कहना है, फतह-1 मिसाइल का इस्तेमाल या दावा, दोनों ही इस बात का संकेत हैं कि पश्चिम एशिया एक बार फिर एक बड़ी जंग की ओर बढ़ रहा है। वहीं, इजरायल ने अब तक कोई ऐसी मिसाइल सार्वजनिक रूप से पेश नहीं की है जिसे ‘हाइपरसोनिक श्रेणी में रखा जा सके। यानी ऐसी मिसाइल जिसकी गति आवाज की गति से 5 गुना ज्यादा हो और जो उड़ान के दौरान दिशा बदल सके।

खासियत
रेंज: 1,400 किलोमीटर
गति: 6,100 किलोमीटर प्रति घंटा
विशेषता: उड़ान के दौरान दिशा बदलने में सक्षम, इंटरसेप्ट करना मुश्किल

आयरन डोम के लिए भी चुनौती
– फतह-1 इजरायल के आयरन डोम जैसे हवाई रक्षा तंत्रों के लिए बड़ी चुनौती
– आयरन डोम के लिए हाइपरसोनिक मिसाइलों को रोकना कठिन कार्य

ईरान की पहली हाइपरसोनिक मिसाइल
फतह-1 को 2023 में पहली बार सार्वजनिक किया गया था और इसका नाम खुद ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई ने रखा था। इसे ईरान की पहली हाइपरसोनिक मिसाइल माना जाता है, जिसकी रफ्तार, सटीकता और दुश्मन की मिसाइल डिफेंस को चकमा देने की क्षमता इसे बेहद खतरनाक बनाती है।

तेल अवीव 400 सेकंड में
तेहरान में इस मिसाइल के अनावरण के समय एक विशाल बैनर लगाया गया था, जिस पर हिब्रू में लिखा था, ‘तेल अवीव तक 400 सेकंड में। इसका मतलब है कि फतह-1 इतनी तेज गति से इजरायल तक पहुंच सकता है कि उसे रोकने के लिए इजरायल के पास बहुत कम समय रहेगा। विस्फोटक विशेषज्ञ ट्रेवर बॉल बताते हैं कि यह ईरान की सबसे नई मिसाइलों में से एक है। अगर यह इस्तेमाल की गई और नाकाम रही, तो इजरायल को इसकी क्षमताओं का पूरा अंदाजा हो जाएगा। ईरान इस मिसाइल का इस्तेमाल कर ‘प्रोपेगेंडा कर सकता है, लेकिन जोखिम भी बड़ा है।

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