<?php /** * The template for displaying the header * */ defined( 'ABSPATH' ) || exit; // Exit if accessed directly ?><!DOCTYPE html> <html <?php language_attributes(); ?>> <head> <meta charset="<?php bloginfo( 'charset' ); ?>" /> <link rel="profile" href="http://gmpg.org/xfn/11" /> <?php wp_head(); ?> </head> <body id="tie-body" <?php body_class(); ?>> <?php wp_body_open(); ?> <div class="background-overlay"> <div id="tie-container" class="site tie-container"> <?php do_action( 'TieLabs/before_wrapper' ); ?> <div id="tie-wrapper"> <?php TIELABS_HELPER::get_template_part( 'templates/header/load' ); do_action( 'TieLabs/before_main_content' );
देश

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह गुरुवार को श्रीनगर पहुंचे, चिनार एयरबेस पर जवानों से मिलेंगे और मौजूदा स्थिति का जायजा लेंगे

श्रीनगर
भारत और पाकिस्तान के बीच सैन्य कार्रवाई रोकने की घोषणा के पांच दिन बाद, केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह गुरुवार को श्रीनगर पहुंचे. एयरपोर्ट पर उनके साथ जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा भी थे. सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने रक्षा मंत्री का स्वागत किया. इसके बाद, सिंह ने बादामी बाग छावनी का दौरा किया, जहां उन्होंने कुछ समय पहले गिराए गए पाकिस्तानी गोले का निरीक्षण किया. वहीं, रक्षा मंत्री चिनार एयरबेस पर भी जवानों से मिलेंगे और मौजूदा स्थिति का जायजा लेंगे.

जम्मू-कश्मीर में तनावपूर्ण माहौल
गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर पिछले कुछ समय से अशांत रहा है. 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले और उसके बाद 7 मई को भारतीय सेना के 'ऑपरेशन सिंदूर' ने स्थिति को और भी गंभीर बना दिया था. इन घटनाओं के बाद, राज्य में तनाव का माहौल व्याप्त है. ऐसे में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का दौरा कई मायनों में महत्वपूर्ण है, जो न केवल सुरक्षा बलों का मनोबल बढ़ाएगा, बल्कि घाटी में शांति बहाली के प्रयासों को भी गति देगा.

सामान्य स्थिति की वापसी के संकेत
'ऑपरेशन सद्भावना' और भारत-पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम समझौते के बाद जम्मू-कश्मीर में जीवन सामान्य होने लगा है. इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, जम्मू में स्कूल शिक्षा निदेशालय ने घोषणा की है कि जम्मू और कश्मीर के कुछ सीमावर्ती क्षेत्रों में स्कूल 15 मई को फिर से खुलेंगे. यह छात्रों और अभिभावकों के लिए राहत की खबर है, क्योंकि भारत और पाकिस्तान के बीच शत्रुता के कारण जम्मू, सांबा, कठुआ, राजौरी और पुंछ जिलों के कई इलाकों में स्कूल बंद कर दिए गए थे.

जम्मू जिले में चौकी चौरा, भलवाल, डंसाल और गांधी नगर क्षेत्रों के स्कूल फिर से खुलेंगे. कठुआ जिले में बरनोटी, लखनपुर, सलान और घगवाल क्षेत्रों में स्कूल खुलेंगे. राजौरी जिले में पीरी, कालाकोट, थानामंडी, मोघला, कोटरंका, खवास, लोअर हथल और दरहल क्षेत्रों में स्कूलों को फिर से खोला जाएगा. पुंछ जिले में सुरनकोट और बफलियाज़ क्षेत्रों में स्कूल खुलेंगे. शैक्षणिक संस्थानों को फिर से खोलना क्षेत्र में सामान्य स्थिति स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो शिक्षा के महत्व को दर्शाता है और स्थानीय समुदायों में विश्वास पैदा करेगा.

हेलीकॉप्टर सेवा का पुन: आरम्भ
एक सकारात्मक संकेत के रूप में, कटरा से श्री माता वैष्णो देवी मंदिर के लिए हेलीकॉप्टर सेवाएं एक सप्ताह के निलंबन के बाद बुधवार को फिर से शुरू हुईं. भारत और पाकिस्तान के बीच शत्रुता के कारण यह निलंबन किया गया था. हेलीकॉप्टर सेवाओं की बहाली से तीर्थयात्रियों को राहत मिलेगी और इस क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, जो स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है.

आतंकवादी विरोधी अभियान तेज
पहलगाम में हाल ही में हुए हमले के जवाब में, भारतीय सेना ने जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों के खिलाफ अपने अभियान को तेज कर दिया है. मंगलवार को दक्षिण कश्मीर के शोपियां में एक मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) से जुड़े तीन आतंकवादी मारे गए. सूत्रों के अनुसार, मारे गए आतंकवादियों में से एक की पहचान शाहिद कुट्टे के रूप में हुई है, जो 8 अप्रैल, 2024 को श्रीनगर में डेनिश रिसॉर्ट में गोलीबारी की घटना में शामिल था, जिसमें दो जर्मन पर्यटक और एक ड्राइवर घायल हो गए थे. सुरक्षा बलों द्वारा आतंकवादियों को खत्म करने के लिए की गई त्वरित कार्रवाई क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने की उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है. यह कार्रवाई दिखाती है कि भारतीय सेना आतंकवाद को खत्म करने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close
Back to top button