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मध्यप्रदेश

संकल्प फाउंडेशन के सेवायज्ञ में अनुभव, ऊर्जा और राष्ट्रधर्म का सशक्त संगम

संकल्प फाउंडेशन के सेवायज्ञ में अनुभव, ऊर्जा और राष्ट्रधर्म का सशक्त संगम

नई दिल्ली में आयोजित गरिमामय मिलन समारोह में देशभर से जुड़ी विभूतियों की प्रेरणादायक उपस्थिति
नई दिल्ली

यह दृश्य केवल एक औपचारिक मिलन समारोह भर नहीं था, बल्कि धर्म, दर्शन, संस्कृति, सेवा और राष्ट्रनिष्ठा की समवेत चेतना का सजीव दर्शन था। यह आयोजन भारत की राजधानी नई दिल्ली में संकल्प फाउंडेशन ट्रस्ट के तत्वावधान में संपन्न हुआ—जिसका उद्देश्य केवल संवाद नहीं, बल्कि संघर्ष से संकल्प तक की उस चेतना को साकार करना था, जिसने आज देशभर में नवयुवकों के हृदय में सेवा और नेतृत्व की लौ प्रज्वलित कर दी है।

संस्थापक संतोष तनेजा जी: संकल्प के वटवृक्ष के मूल प्रेरणास्रोत

इस अवसर पर पावन उपस्थिति रही परम आदरणीय श्री संतोष तनेजा जी की—जिन्होंने वर्षों पूर्व संकल्प फाउंडेशन ट्रस्ट की स्थापना एक छोटे बीज की भाँति की थी, जो आज एक सशक्त महा वटवृक्ष का रूप ले चुका है। इस वटवृक्ष की छाया में आज हजारों युवक-युवतियाँ अपने जीवन के उद्देश्य की दिशा में अग्रसर हैं।

तनेजा जी का जीवन दर्शन स्वयं में त्याग, तपस्या और कर्मयोग की प्रतिमूर्ति है। वे केवल संस्थापक नहीं, बल्कि संस्था की आत्मा हैं। उनकी प्रेरणा से आज यह ट्रस्ट न केवल UPSC, राज्य सेवा, और अन्य उच्च प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी में मार्गदर्शन प्रदान कर रहा है, बल्कि युवाओं के हृदय में राष्ट्रधर्म, संवेदना, और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना भी जाग्रत कर रहा है।

हरिश्चंद्र अग्रवाल जी: मध्यप्रदेश संकल्प का संयम, समर्पण और संगठन

इस भव्य मिलन में मध्यप्रदेश संकल्प फाउंडेशन के समन्वयक श्री हरिश्चंद्र अग्रवाल जी की भूमिका विशेष रूप से सराहनीय रही। वे संस्था के संतुलन और संवेदनशीलता के केंद्र हैं। उनका विनम्र स्वभाव, अद्वितीय संगठन कौशल और नवयुवाओं के प्रति अपार अनुराग संस्था के संचालन में ऊर्जस्विता का संचार करता है।

उनके नेतृत्व में मध्यप्रदेश में संकल्प फाउंडेशन ने ऐसे सैकड़ों युवाओं को दिशा दी है, जो न केवल सेवा की तैयारी कर रहे हैं, बल्कि समाज की नींव को सुदृढ़ करने में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।

उपस्थित दिव्यस्वरूप महानुभावों का परिचय

इस आयोजन को गरिमा प्रदान करने हेतु अनेक विशिष्टजनों की पावन उपस्थिति रही:

1. श्री राहुल देव जी – वरिष्ठ पत्रकार, जिनकी वाणी में धर्म, सत्य और सामाजिक चेतना की प्रखरता है।
2. श्री अनिल जोशी जी – साहित्य और समाज के सजग साधक, विचारशील एवं प्रेरक व्यक्तित्व।
3. श्री संतोष तनेजा जी – संस्थापक, संकल्प फाउंडेशन; कर्मयोग के प्रतीक, युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत।
4. डॉ. प्रसन्ना कुमार जी – सेवानिवृत्त अपर मुख्य सचिव, प्रशासनिक सादगी और नैतिक नेतृत्व के जीवंत उदाहरण।
5. श्रीमती मधु प्रभाकर जी – नारी शक्ति और समर्पित नेतृत्व की प्रतीक, संस्था की सक्रिय स्तंभ।
6. श्री सिरोही जी – सामाजिक संकल्प कार्यों में समर्पित, गंभीर दृष्टिकोण और विनम्रता के साथ अग्रणी।
7. श्री अंकुर अग्रवाल जी – युवा नेतृत्व के प्रतीक, संस्था के भविष्य की ऊर्जा।
8. श्री हरिश्चंद्र अग्रवाल जी – समन्वयक, मध्यप्रदेश संकल्प फाउंडेशन; संस्था की रीढ़, विनम्रता और समर्पण के जीवंत स्वरूप।

 

स्थान:

नई दिल्ली – भारत की राजधानी, जहाँ विचारों की गंगा और संस्कृति की यमुना एकत्रित होकर संकल्प की सरस्वती को साकार करती हैं।

 

विचार-संदर्भ:

यह केवल एक औपचारिक मिलन नहीं था, यह था –
श्रद्धा और कर्म का संगम,
संघर्ष और समाधान का संवाद,
प्रेरणा और परिवर्तन का संकल्प।

यह वह क्षण था जहाँ अतीत का अनुभव, वर्तमान की सजगता, और भविष्य की आकांक्षा – एक ही मंच पर एकात्म हो उठी। यह आयोजन इस बात का प्रमाण था कि जब अनुभव, उत्साह और उद्दीपन एकत्र होते हैं, तब राष्ट्र, समाज और संस्कृति एक नई दिशा की ओर बढ़ते हैं।

 

समापन संदेश:

यह आयोजन सभी महानुभावों के तप, त्याग और सत्कर्मों से सुशोभित रहा। यह संकल्प केवल एक संस्था नहीं, अपितु एक राष्ट्रीय चेतना है। इन सभी विभूतियों को कोटिशः नमन, जिनके कारण यह क्षण न केवल स्मरणीय रहा, अपितु युगों तक प्रेरणा देने वाला बन गया

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